
अंबाला, 01 जनवरी 2026
अंबाला कैंट रेलवे स्टेशन धमकी मामले में GRP ने बड़ी सफलता हासिल करते हुए आरोपी को चंद घंटों के भीतर गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ने अंबाला कैंट रेलवे स्टेशन को उड़ाने की धमकी दी थी, जिसके बाद स्टेशन पर सुरक्षा कड़ी कर दी गई और जांच एजेंसियां तुरंत सक्रिय हो गईं।
जांच में सामने आया कि धमकी देने वाला व्यक्ति मनरंजन है, जो राज मिस्त्री का काम करता है। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह नशे में था और गुस्से में आकर फोन कर दिया। इस मामले में अंबाला कैंट रेलवे स्टेशन धमकी शब्द चर्चा में बना हुआ है।
किस वजह से दी गई धमकी?
आरोपी ने बताया कि पिछले महीने उसकी पत्नी बिहार से पंजाब ट्रेन से आ रही थी। इसी दौरान रास्ते में टीटी के साथ टिकट को लेकर कहासुनी हो गई। इस बात को लेकर वह मानसिक तौर पर परेशान था और गुस्से में देर रात उसने रेलवे स्टेशन को उड़ाने की धमकी दे दी।
धमकी मिलते ही रेलवे प्रशासन, आरपीएफ और जीआरपी तुरंत हरकत में आ गए। फोन की लोकेशन ट्रेस की गई, जो जालंधर क्षेत्र से मिली। इसके आधार पर पुलिस टीमों ने दबिश देकर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। उड़ाने की धमकी दे दी थी।

स्टेशन पर बढ़ाई गई सुरक्षा
- संदिग्ध व्यक्तियों की जांच
- बैगेज स्कैनिंग बढ़ाई गई
- डॉग स्क्वॉड की मदद ली गई
- प्लेटफार्म और यार्ड क्षेत्र की सर्चिंग
- अतिरिक्त पुलिस बल तैनात
रेलवे अधिकारियों ने कहा कि धमकी भले ही झूठी साबित हुई हो, लेकिन सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।
अंबाला कैंट रेलवे स्टेशन को पहले भी कई बार धमकी मिल चुकी है। यह उत्तर भारत का महत्वपूर्ण रेलवे जंक्शन होने के कारण संवेदनशील घोषित किया जाता है।
- कई बार बम की झूठी सूचनाएँ मिलीं
- शताब्दी और अन्य ट्रेनों को रोका गया
- स्टेशन खाली कराया गया
- सुरक्षा अभ्यास कराए गए
इन घटनाओं के चलते सुरक्षा एजेंसियां पहले से ही सतर्क रहती हैं।
यह कोई पहला मामला नहीं है जब अंबाला कैंट स्टेशन को धमकी मिली है। रेलवे सुरक्षा एजेंसियों को पिछली कई घटनाओं में भी स्टेशन और वहां से चलने वाली ट्रेनों के खिलाफ धमकियाँ मिली हैं, जिनकी वजह से सुरक्षा सतर्कता बढ़ाई गई थी।
2018 में भी एक धमकी भरा खत मिला था जिसमें अंबाला कैंट समेत हरियाणा के कई रेलवे स्टेशनों को बम से उड़ाने की बात कही गई थी। उस खत में 20 अक्टूबर को बम विस्फोट की चेतावनी दी गई थी, जिससे प्रशासन ने तत्काल सुरक्षा पहल बढ़ा दी थी।
उधर, शताब्दी एक्सप्रेस ट्रेन में भी कुछ महीने पहले बम होने की सूचना मिली थी, जिसके कारण ट्रेन को अंबाला कैंट स्टेशन पर रोक कर आरपीएफ और डॉग स्क्वॉड ने पूरी तलाशी ली थी। हालांकि बाद में यह धमकी झूठी पाई गई थी।
स्थानीय अधिकारियों के अनुसार अंबाला कैंट स्टेशन की सुरक्षा को पहले भी कई बार बढ़ाया गया है क्योंकि यह स्टेशन उत्तर भारत के महत्वपूर्ण रेल जंक्शन में से एक है जहां से कई प्रमुख राजमार्ग और रेल मार्ग जुड़े हैं।
पुलिस ने आगामी दिनों में अतिरिक्त सुरक्षा चौकसी जारी रखने और मोबाइल कॉल तथा खत जैसी तकनीकी माध्यमों से मिलने वाली धमकियों की जांच तेज करने का निर्णय लिया है।
